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    नीतीश कुमार के मंत्री जमा खान बोले – मेरे पूर्वज राजपूत… कबूल कर लिया था इस्लाम

    Jul 10, 2021

    जेडीयू नेता और बिहार की नीतीश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री जमा खान (Jama Khan) ने शुक्रवार को बड़ा दावा किया है. उन्होंने खुद को हिंदू (Hindu) बताते हुए कहा कि उनके पूर्वज राजपूत थे और उन्होंने धर्मांतरण करके इस्लाम कबूल कर लिया था. इसीलिए वे मुस्लमान हो गए. हाजीपुर में एक कार्यक्रम में पहुंचे जमा खान ने धर्मांतरण को लेकर एक सवाल पर कहा कि धर्मांतरण अगर अपनी मर्जी से हो तो कोई बुराई नहीं है. मंत्री ने बताया कि आज भी उनके खानदान के आधे लोग हिंदू हैं और वे अपने हिंदू रिश्तेदारों से मुलाकात करते रहते हैं.

    मंत्री जमा खान ने एक विवादास्पद बयान देते हुए कहा कि मुसलमानों ने जेडीयू को वोट नहीं दिया, लेकिन फिर भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार मुसलमानों का ख्याल रखते हैं केंद्रीय मंत्रिमंडल में जेडीयू को एक मंत्री पद दिए जाने को लेकर उन्होंने कहा कि पार्टी को एक से ज्यादा मंत्री पद मिलना चाहिए था. बता दें कि जमा खान बिहार के चैनपुर से विधायक हैं और बहुजन समाज पार्टी से होते हुए जेडीयू में शामिल हुए और मंत्री बने हैं. फिलहाल, सरकार के अल्पसंख्यक चेहरे वाले जमा खान को बिहार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्रालय का जिम्मा मिला है.

    धर्मांतरण पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए खान ने कहा, ”धर्म परिवर्तन आप मुहब्बत और भाईचारे से कर सकते हैं. समझ में आए तो आप कर सकते हैं. मैं राजपूत था, हिंदू था. हम लोग बैसवाड़ा से आए थे और वैश्य ठाकुर थे. हमारे पूर्वज जयराम सिंह, भगवान सिंह थे. यहां लड़ाई छिड़ गई. भगवान सिंह ने इस्लाम कबूल कर लिया और मुसलमान हो गए. यही खानदान हम लोगों का है. वहीं, बगल में मेरा परिवार के सरैया गांव है, जहां जयराम सिंह का खानदान है. हम दोनों भाइयों का आज आना-जाना सबकुछ है. ऐसे में तो परिवर्तन जबरन नहीं किया जाना चाहिए.”

    जमा खान के बयान पर आरजेडी नेता मृत्युंजय तिवारी ने जवाब दिया है कि बीजेपी की गोद में बैठकर जमा खान धर्म परिवर्तन की बात कर रहे हैं. ऐसी बात करके असली मुद्दों से ध्यान नहीं भटकाना चाहिए. जो विभाग इनको मिला है, उसे इन्हें संभालना चाहिए. उन्होंने कहा, ”जिस पाठशाला में आप गए हैं, ऐसे में इसी तरह की बात करेंगे. ये हिन्दू-मुस्लिम, संप्रदाय और जाति की बात करेंगे. आप अल्पसंख्यकों के कल्याण की बात करिए, लेकिन वह काम तो आप कर नहीं पा रहे हैं और यह ज्ञान दे रहे हैं.”